वीर खड़का | बैजनाथ | 17 जून
पालमपुर उपमंडल के अंतर्गत जिया (चामुंडा) गांव में बुधवार को नवनिर्मित श्री श्री गौर राधा कृष्ण मंदिर में आयोजित भव्य श्री विग्रह प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव श्रद्धा, भक्ति और वैदिक परंपराओं के साथ संपन्न हुआ। इस पावन अवसर पर मंदिर परिसर को आकर्षक फूलों, रंग-बिरंगी विद्युत सजावट और धार्मिक ध्वजों से भव्य रूप से सजाया गया था। सुबह से ही मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी और पूरा क्षेत्र “हरे कृष्ण” महामंत्र के जयघोष तथा भक्ति रस से सराबोर दिखाई दिया। स्थानीय लोगों के साथ-साथ प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों एवं देश के अलग-अलग राज्यों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन के साक्षी बनने पहुंचे।
इस भव्य धार्मिक महोत्सव में परम पूज्य श्रील नव योगेन्द्र स्वामी महाराज जी के पावन सानिध्य में वैदिक विधि-विधान के साथ श्री श्री गौर राधा कृष्ण विग्रहों की प्राण प्रतिष्ठा संपन्न करवाई गई। कार्यक्रम के दौरान वैदिक मंत्रोच्चार, यज्ञ एवं विशेष पूजन के बीच महाअभिषेकम् का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर भगवान का आशीर्वाद प्राप्त किया। पूरे आयोजन के दौरान भक्तिमय वातावरण बना रहा और श्रद्धालु भजन-कीर्तन में भावविभोर होकर शामिल हुए।
महोत्सव के दौरान अखंड हरिनाम संकीर्तन ने पूरे मंदिर परिसर को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। देश-विदेश से पहुंचे भक्तों एवं इस्कॉन के संकीर्तन दलों ने मधुर भजनों और हरिनाम संकीर्तन के माध्यम से श्रद्धालुओं को भक्ति रस में डुबो दिया। इसके उपरांत भगवान श्री श्री गौर राधा कृष्ण की दिव्य महाआरती उतारी गई, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने एक साथ दीप प्रज्वलित कर आरती में सहभागिता निभाई। आरती के समय पूरा वातावरण शंखनाद, घंटियों की ध्वनि और “हरे कृष्ण” महामंत्र के उच्चारण से गूंज उठा।
कार्यक्रम के समापन पर सभी श्रद्धालुओं के लिए विशाल महाप्रसाद (भंडारे) का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। पूरे आयोजन को सफल बनाने में मंदिर प्रबंधन समिति, स्थानीय ग्रामीणों, स्वयंसेवकों तथा विभिन्न सामाजिक संगठनों का सराहनीय योगदान रहा। श्रद्धालुओं ने इस दिव्य आयोजन को क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक एवं अविस्मरणीय बताते हुए इसे आध्यात्मिक चेतना को नई दिशा देने वाला महोत्सव बताया।
