शिमला: आईजीएमसी में चल रही चिकित्सकों की हड़ताल मुख्यमंत्री से मिलने के बाद खत्म हो गई है। आज से नियमित रूप से ओपीडी शुरू हो जाएगी। कोलकाता में ट्रेनी महिला डॉक्टर के साथ हुए रेप व हत्याकांड के बाद डॉक्टरों ने हिमाचल प्रदेश में प्रदर्शन किया था। जिसके वजह से प्रदेश में बीते 4 दिनों ने स्वास्थ्य सेवाएं ठप पड़ी हुई थीं। ओपीडी में इलाज बंद था। मरीजों के नियमित ऑपरेशन नहीं हो रहे थे। अस्पतालों में केवल आपातकालीन सेवाएं ही चल रही थीं।
गौरतलब है कि प्रदेश के सभी मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों में डॉक्टरों की हड़ताल मंगलवार को भी जारी रही। कोलकाता रेप व हत्याकांड के बाद डॉक्टरों का आक्रोश रुकने का नाम नहीं ले रहा था।
शिमला सहित प्रदेश के सभी अस्पतालों में रोजाना लोग उपचार के लिए पहुंच रहे थे लेकिन ओपीडी में डॉक्टरों के नहीं बैठने से मरीजों को बिना उपचार के लिए वापस लौटना पड़ रहा था। ऐसे में इमरजेंसी वार्ड के बाहर कतारें लगी थीं।
गौरतलब है कि हिमाचल प्रदेश में अकेले आईजीएमसी शिमला में रोजाना 3 हजार से ज्यादा मरीज ओपीडी में उपचार के लिए पहुंचते हैं। इसी तरह प्रदेश के अन्य अस्पतालों में भी रोजाना बड़ी संख्या में मरीज आते हैं, जिन्हें डॉक्टरों की हड़ताल की वजह से परेशानी हो रही थी।
बता दें कि आईजीएमसी से डॉक्टरों ने पैदल मार्च कर सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू से सचिवालय में मुलाकात की। सीएम से मुलाकात के बाद हिमाचल मेडिकल ऑफिसर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ। बलवीर वर्मा ने कहा “डॉक्टरों की सुरक्षा व अन्य मांगों को लेकर सीएम से मुलाकात कर विस्तार पूर्वक चर्चा की गई है। सीएम ने सभी मांगों को पूरा करने का आश्वासन दिया है।
