हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला और कुल्लू में हाल ही में दो अलग-अलग घटनाओं में कश्मीरी युवकों द्वारा सोशल मीडिया पर पाकिस्तान समर्थित सामग्री साझा करने के मामले सामने आए हैं। दोनों मामलों में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए केस दर्ज किए और एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। इन घटनाओं ने स्थानीय हिंदू संगठनों में आक्रोश पैदा किया, जिन्होंने कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर प्रदर्शन किए।
शिमला: व्हाट्सएप स्टेटस पर पाकिस्तानी झंडा, FIR दर्ज
शिमला के सुन्नी क्षेत्र में एक कश्मीरी युवक ने अपने व्हाट्सएप स्टेटस पर पाकिस्तान का झंडा लगाया, जिसके बाद स्थानीय लोगों ने इसकी शिकायत पुलिस से की। पुलिस ने तुरंत संज्ञान लेते हुए आरोपी के खिलाफ FIR दर्ज की। बताया जा रहा है कि युवक गैस सप्लाई का काम करता है।
इस घटना के बाद बजरंग दल और अन्य हिंदू संगठनों ने नालागढ़ थाने के बाहर नारेबाजी की और आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। बजरंग दल के अध्यक्ष डीडी राणा ने बताया कि उक्त युवक ने कई दिनों से अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर खालिस्तान और पाकिस्तान समर्थित पोस्ट साझा की थीं। स्थानीय लोगों की शिकायत के बाद पुलिस ने मामला दर्ज किया। नालागढ़ ट्रक सोसायटी के प्रधान जितेंद्र ठाकुर, जितेंद्र राणा, मनोज राणा, संदीप ठाकुर, बिंदू समेत अन्य कार्यकर्ता भी प्रदर्शन में शामिल थे।
एएसपी अशोक वर्मा ने पुष्टि की कि पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। उन्होंने कहा कि मामले की गहन जांच की जा रही है।
कुल्लू: देश विरोधी वीडियो साझा करने पर गिरफ्तारी
दूसरी घटना कुल्लू के रामशिला में सामने आई, जहां एक कश्मीरी व्यक्ति, मोहम्मद फारुख, पर फेसबुक के माध्यम से देश विरोधी, सेना विरोधी, हिंदू विरोधी और प्रधानमंत्री विरोधी वीडियो साझा करने का आरोप लगा। देवभूमि जागरण मंच के महासचिव यशपाल शर्मा ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
मंच के अध्यक्ष क्षितिज सूद और यशपाल शर्मा ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संजीव चौहान से मुलाकात कर आरोपी के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि आरोपी रामशिला में दुकान चलाता है और सोशल मीडिया के जरिए भारतीय सेना और सरकार के खिलाफ दुष्प्रचार कर रहा था। एएसपी संजीव चौहान ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी को हिरासत में ले लिया है और जांच जारी है।
सामाजिक तनाव और पुलिस की सतर्कता
इन घटनाओं ने स्थानीय स्तर पर तनाव को बढ़ा दिया है, खासकर भारत-पाकिस्तान के बीच चल रहे तनाव के मद्देनजर। हाल ही में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद देशभर में संवेदनशील माहौल है। सोशल मीडिया पर राष्ट्र विरोधी सामग्री साझा करने की घटनाएं पुलिस और साइबर सेल की निगरानी में हैं।
हिंदू संगठनों और स्थानीय लोगों ने ऐसी गतिविधियों को देश की एकता और सेना के मनोबल के खिलाफ बताया है। बजरंग दल और देवभूमि जागरण मंच ने प्रशासन से ऐसे मामलों में कठोर कार्रवाई और गहन जांच की मांग की है, ताकि इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
पुलिस ने दोनों मामलों में कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है और शांति बनाए रखने के लिए क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी है।
नोट: सोशल मीडिया पर साझा की गई जानकारी की सत्यता की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की गई है। पुलिस जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
