ऊना, 06 जून 2025: हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के गगरेट थाना क्षेत्र में पुलिस ने दो महीने से फरार चल रहे अमरीश राणा और उसके सहयोगी अमित मनकोटिया को गिरफ्तार किया है। इन पर ठाकुर स्टोन क्रशर के मालिक कुंवर संदीप सिंह द्वारा जेसीबी और टिपर चालकों को धमकाने तथा वाहनों को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया गया था। इस घटना ने क्षेत्र में डर का माहौल पैदा कर दिया है।
गगरेट पुलिस थाने में 16 अप्रैल 2025 को दर्ज शिकायत के अनुसार, 15 अप्रैल की रात करीब 10 बजे अमरीश राणा, अमित मनकोटिया और उनके दो अन्य साथी एक वाहन में सवार होकर ठाकुर स्टोन क्रशर की साइट पर पहुंचे। वहां उन्होंने जेसीबी और टिपर चालकों के साथ गाली-गलौच की, उन्हें धमकाया, वाहनों के टायरों की हवा निकाल दी और इंजनों में कोई पदार्थ डालकर उन्हें पूरी तरह ठप कर दिया। शिकायत में कुल चार लोगों को आरोपी बनाया गया था।
पहले भी धमकी के आरोप
शिकायतकर्ता कुंवर संदीप सिंह ने बताया कि 12 अप्रैल को भी अमरीश राणा ने क्रशर साइट पर कर्मचारियों को धमकाया था। इसके अलावा, अमरीश राणा पर पहले श्री साईं स्टोन क्रशर बढ़ेड़ा राजपूता के मालिक रोहित कुमार मेहता को पैसे न देने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी देने का भी आरोप है। इन घटनाओं से क्षेत्र में डर का माहौल बना हुआ है।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस ने शिकायत की गंभीरता को देखते हुए विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था। अमरीश राणा ने गिरफ्तारी से बचने के लिए उच्च न्यायालय में अग्रिम जमानत की अर्जी दी थी, जिसे खारिज कर दिया गया। इसके बाद, करीब दो महीने की तलाश के बाद पुलिस ने अमरीश राणा और अमित मनकोटिया को उनके घर से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि मामले की आगामी जांच जारी है और बाकी आरोपियों की तलाश की जा रही है।
यह घटना क्षेत्र में स्टोन क्रशर व्यवसायियों और कर्मचारियों के बीच सुरक्षा को लेकर चिंता का विषय बनी हुई है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत प्रशासन को दें।
