पधर
विकास खण्ड द्रंग की ग्राम पंचायत रोपापधर के भटवाड़ वार्ड में जायका प्रोजैक्ट के तहत गठित नैना स्वयं सहायता समूह की बैठक हुई, जिसमें प्रोजैक्ट सपोर्ट कोऑर्डिनेटर रिटार्यड डीफएओ वीपी पठानिया ने की। इस दौरान उन्होंने स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से आग्रह कि वे पत्तल बनाने का काम एक दिहाड़ीदार के रुप में न कर एक उद्यमी के रुप में करें ताकि आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाया जा सके। वीपी पठानिया ने कहा कि आज के समय में टौर के पत्ते की बहुत मांग है, जिसको लेकर जायका प्रोजैक्ट द्वारा महिलाओं की आॢथकी को सुदृढ़ करने के लिए पत्तल बनाने का कार्य शुरू किया गया है, जिसके लिए स्वयं सहायता समूह को लाखों रुपये की मशीन मुहैया करवाई गई है। इस दौरान उन्होंने समूह की महिलाओं को पेश आ रही दिक्कतों को सुना और उनका समाधान भी किया। इस मौके पर मार्केटिंग अधिकारी अंकुर सरस्वती, बीओ कमल किशोर, वनरक्षक चिराग, एफटीयू समन्वयक सुमित बरवाल, नैना स्वयं सहायता समूह की प्रधान सुषमा देवी, सचिव कृष्णा सकलानी, शांति, ललिता देवी, निर्मला देवी, कृष्णा देवी, शकुंतला देवी, मोनिका सहित अन्य महिलाएं मौजूद रही।
फोटो कैप्शन
बनेहड़ में आयोजित नैना स्वयं सहायता समूह की बैठक के बाद महिलाएं रिटायर्ड डीएफओ वीपी पठानिया के साथ सामूहिक चित्र में।
