थुरल (कांगड़ा): हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के थुरल पंचायत के हलूं गांव का लाल, अग्निवीर जवान नवीन कुमार (23) कारगिल के द्रास सेक्टर में भूस्खलन की चपेट में आकर शहीद हो गए। अगस्त 2024 में ड्यूटी पर जाते वक्त नवीन ने अपनी मां अजुध्या देवी से वादा किया था, “मां, अबकी बार छुट्टी में आऊंगा तो मेरे लिए लड़की देख लेना, शादी की तारीख पक्की कर लेना।” सितंबर 2025 में छुट्टी पर घर आने और शादी की准备 करने की बात कहकर गए नवीन की यह इच्छा अधूरी रह गई। देश की सेवा करते हुए उन्होंने अपने प्राण न्योछावर कर दिए।
परिवार में शोक की लहर
नवीन के चाचा अशोक कुमार ने बताया कि नवीन के पिता राजमल, जो भारतीय सेना में 13 जैक राइफल्स में हवलदार थे, पांच साल पहले दुनिया छोड़ गए। परिवार में अब केवल मां अजुध्या देवी, दादा भूमि राम और दादी चंपा देवी बचे हैं। बहन शिवानी की शादी हो चुकी है। बहनोई मुनीष कुमार ने बताया कि नवीन सितंबर 2025 में छुट्टी पर आने वाला था और शादी के लिए लड़की देखने की बात तय थी। मां अजुध्या देवी की आंखें आज भी रास्ते पर टिकी हैं, अपने लाल के लौटने की उम्मीद में।
पढ़ाई और खेलों में अव्वल
नवीन स्कूल और कॉलेज में पढ़ाई में तेज और व्यवहार में विनम्र थे। उनके सहपाठी शिल्पा चौहान, दीक्षा, अनुष्का, दीपांशी, ईशा, साहिल, अर्चित और अभिषेक ने बताया कि नवीन कबड्डी और बैडमिंटन में माहिर थे। खेलों के प्रति उनकी विशेष रुचि थी और हर क्षेत्र में वे अव्वल रहते थे।
गांव में मातम, नेताओं ने दी श्रद्धांजलि
नवीन की शहादत से हलूं गांव में मातम पसरा है। हर कोई स्तब्ध है कि जो बेटा घर की खुशियां लाने की बात कहकर गया था, वह अब तिरंगे में लिपटकर लौटेगा। विधायक विपिन परमार, कृषि बैंक चेयरमैन संजय सिंह चौहान, पंचायत प्रधान वंदना कायस्थ, जिला पार्षद राजेश धीमान और पुलिस चौकी प्रभारी सुनील कुमार ने परिवार से मिलकर शोक संवेदनाएं व्यक्त कीं।
नवीन की शहादत ने न केवल उनके परिवार, बल्कि पूरे गांव और क्षेत्र को गहरे दुख में डुबो दिया है। उनका बलिदान देश के लिए हमेशा याद रहेगा।
