बैजनाथ/पपरोला, 09 जून (वीर खड़का )
बैजनाथ उपमंडल के पपरोला-मलघोटा की होनहार बेटी काव्या शर्मा का चयन भारतीय बास्केटबॉल टीम में हुआ है। काव्या अब यूरोप के सर्बिया में आयोजित होने वाली वर्ल्ड स्कूल गेम्स बास्केटबॉल चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी। उनके चयन से बैजनाथ क्षेत्र ही नहीं बल्कि पूरे हिमाचल प्रदेश में खुशी और गर्व का माहौल है।
काव्या शर्मा वर्तमान में बास्केटबॉल गर्ल्स हॉस्टल सरकाघाट की छात्रा हैं। वह पंडित गया प्रसाद की पौत्री, रुचिका अवस्थी की बेटी तथा पपरोला के व्यवसायी विकास शर्मा की पुत्री हैं। उनकी प्रारंभिक शिक्षा परमार्थ इंटरनेशनल स्कूल, बैजनाथ में हुई है।
काव्या की सफलता के पीछे उनकी मेहनत और परिवार का सहयोग रहा है। लगभग छह फीट लंबी काव्या को बचपन से ही खेलों में विशेष रुचि थी। उनकी लंबाई और खेल के प्रति लगाव को देखते हुए उनके पिता विकास शर्मा ने घर में ही एक छोटा बास्केटबॉल नेट लगवा दिया था, जहां से उनके खेल जीवन की शुरुआत हुई।
महज 15 वर्ष की आयु में, जब वह आठवीं कक्षा में थीं, उनका चयन बास्केटबॉल गर्ल्स हॉस्टल सरकाघाट में हो गया। उनकी माता रुचिका शर्मा बताती हैं कि हॉस्टल का पहला वर्ष काफी चुनौतीपूर्ण रहा। कई बार ऐसा लगा कि बेटी को वापस घर बुला लिया जाए, लेकिन काव्या ने हिम्मत नहीं हारी और दृढ़ निश्चय के साथ कहा कि वह धीरे-धीरे नए माहौल में खुद को ढाल लेंगी। उनकी इसी लगन और आत्मविश्वास ने आज उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाया है।
काव्या अब तक आठ राज्य स्तरीय और दस राष्ट्रीय स्तरीय प्रतियोगिताओं में भाग ले चुकी हैं तथा अपने शानदार प्रदर्शन से लगातार पहचान बनाती रही हैं। अब वह 15 जून को सर्बिया में अपना पहला अंतरराष्ट्रीय मुकाबला खेलने उतरेंगी।
काव्या शर्मा के भारतीय टीम में चयन को बैजनाथ-पपरोला सहित पूरे हिमाचल प्रदेश के लिए गौरव का क्षण माना जा रहा है। क्षेत्र के लोगों, खेल प्रेमियों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने काव्या को शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
काव्या की यह उपलब्धि साबित करती है कि मेहनत, समर्पण और आत्मविश्वास के दम पर छोटे कस्बों की बेटियां भी अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का नाम रोशन कर सकती हैं।
