धर्मशाला में ऑनलाइन शेयर मार्केट ठगी: राजस्थान के रिटायर्ड अधिकारी से 94.30 लाख रुपये लूटे
धर्मशाला (हिमाचल प्रदेश): धर्मशाला के सिद्धबाड़ी क्षेत्र में रहने वाले राजस्थान के एक सेवानिवृत्त सरकारी अधिकारी के साथ ऑनलाइन शेयर मार्केट निवेश के नाम पर 94.30 लाख रुपये की ठगी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पीड़ित, जो अपनी ससुराल में रह रहा है, ने साइबर ठगों के झांसे में आकर नौ से दस किस्तों में यह राशि उनके बैंक खातों में जमा करवाई। मामला साइबर क्राइम थाना नॉर्थ जोन धर्मशाला में दर्ज कर लिया गया है, और जांच शुरू हो चुकी है।
जानकारी के अनुसार, पीड़ित ने व्हाट्सएप पर देखी गई एक ऑनलाइन निवेश पोस्ट के आधार पर ठगों से संपर्क किया। शुरुआत में शातिरों ने करीब दो लाख रुपये के मुनाफे का लालच देकर भरोसा जीता। इसके बाद पीड़ित ने ठगों द्वारा बताए गए विभिन्न बैंक खातों में लगातार कई किस्तों में पैसे ट्रांसफर किए। ठगों ने दावा किया कि निवेश से तीन करोड़ रुपये का लाभ होगा, जिसके चलते पूर्व अधिकारी ने 94.30 लाख रुपये जमा कर दिए। हालांकि, उन्हें न तो कोई मुनाफा मिला और न ही मूल राशि वापस हुई।
ठगी का अहसास होने पर पीड़ित ने साइबर क्राइम थाना नॉर्थ जोन धर्मशाला में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में बताया गया कि मात्र एक महीने में ही उनकी मेहनत की कमाई लुट गई। एएसपी साइबर क्राइम थाना उत्तरी क्षेत्र, प्रवीण धीमान ने बताया कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है और करीब 50 लाख रुपये की राशि को फ्रीज करने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने लोगों से अपील की है कि ऑनलाइन निवेश के लुभावने ऑफर्स से सावधान रहें और ऐसे झांसों में न फंसें।
साइबर पुलिस ने नागरिकों को सलाह दी है कि किसी भी अनजान लिंक या व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए निवेश करने से पहले सेबी (SEBI) से पंजीकृत कंपनियों की विश्वसनीयता की जांच करें। साथ ही, ठगी का शिकार होने पर तुरंत 1930 पर कॉल कर शिकायत दर्ज करें। हिमाचल प्रदेश में साइबर ठगी के मामले लगातार बढ़ रहे हैं, जिसके चलते पुलिस ने जागरूकता अभियान भी तेज कर दिया है।
यह घटना एक बार फिर साइबर ठगी के बढ़ते खतरे को उजागर करती है, और लोगों को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सतर्क रहने की चेतावनी देती है।
