हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के देहरा में मंगलवार को पुराना बाजार में धर्म परिवर्तन के कथित प्रयास को लेकर तनाव फैल गया। आरोप है कि पंजाब के दसूहा (होशियारपुर) से आए कुछ ईसाई प्रचारक स्थानीय लोगों को लालच देकर धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित कर रहे थे। सूचना मिलते ही स्थानीय हिंदू संगठनों ने विरोध जताया और पुलिस को सूचित किया।
देहरा थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और छह संदिग्धों से पूछताछ शुरू की। इनकी पहचान जेम्स मसीह, नथु राम, जोगिंद्र राम, तानिया, सुषमा रानी और रानी के रूप में हुई है, जो सभी पंजाब के निवासी बताए जा रहे हैं। शिकायतकर्ताओं कुलदीप कुमार और हमीर चंद की शिकायत पर पुलिस ने बीएनएस की धारा 299, 62, 3(5) और हिमाचल प्रदेश फ्रीडम ऑफ रिलीजन एक्ट, 2019 की धारा 4 के तहत मामला दर्ज किया है।
स्थानीय समुदाय, जिसे कथित तौर पर धर्म परिवर्तन के लिए उकसाया जा रहा था, ने देर रात आपात बैठक बुलाई। बैठक में निर्णय लिया गया कि जिन लोगों ने धर्म परिवर्तन किया है, उन्हें हिंदू धर्म में वापसी के लिए कहा जाएगा, अन्यथा सामाजिक बहिष्कार किया जाएगा। इसी के तहत एक परिवार ने राधा कृष्ण मंदिर में पुजारी मनोज भारद्वाज की उपस्थिति में मंत्रोच्चारण के साथ हिंदू धर्म फिर से अपनाया। अन्य संबंधित परिवारों को भी ऐसा करने की सलाह दी गई है।
पुलिस की जांच जारी, तनाव के बीच अतिरिक्त जवान तैनात
एसपी मयंक चौधरी ने बताया कि पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है। दिनभर देहरा थाने के बाहर लोगों की भीड़ जुटी रही, जिससे माहौल तनावपूर्ण बना रहा। पुलिस ने एहतियातन अतिरिक्त जवानों की तैनाती की है। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति बनाए रखने की अपील की है।
हिंदू संगठन से जुड़े पवन शर्मा ने आरोप लगाया कि ये लोग स्थानीय लोगों को भ्रमित कर रहे थे और दावा कर रहे थे कि भगवान शिव शैतान हैं। उन्होंने कहा, “ये लोग ढोलकी और चिम्टा लेकर आए थे और कह रहे थे कि वे अपने रिश्तेदारों से मिलने आए हैं, लेकिन यह सच नहीं है। हमें उनके धर्म से कोई आपत्ति नहीं, लेकिन वे हिंदू धर्म में हस्तक्षेप न करें।”
वहीं, ईसाई प्रचारक जेम्स मसीह ने आरोपों का खंडन करते हुए कहा, “हम सोनी भाई के पास आए थे। हम धर्म परिवर्तन नहीं करते, केवल प्रार्थना करते हैं। हम बस से आए हैं और नियमित रूप से यहां नहीं आते।”
पुलिस मामले की निष्पक्ष जांच कर रही है और स्थिति पर कड़ी नजर रख रही है।
